एलआईसी की नयी योजना जीवन लक्ष्य (प्लान न. 833)

एलआईसी की नयी योजना जीवन लक्ष्य (प्लान न. 833)

जीवन बीमा

एल आई सी का जीवन लक्ष्य (Jeevan Lakshya) एक लाभ सहित, गैर-संबद्ध (Non Linked) योजना है। जीवन लक्ष्य सुरक्षा और बचत, दोनों का संयोजन प्रदान करती है। यह योजना वार्षिक आय का लाभ प्रदान करती है, जो परिपक्वता से पहले किसी भी समय पॉलिसी धारक की दुर्भाग्यपूर्ण मृत्यु होने की स्थिति में उसके परिवार की जरुरतों को पूरा करने में मदद कर सकता है, प्राथमिक तौर पर बच्चों के लाभ के लिए और परिपक्वता के समय जीवित के जीवन यापन के लिए उसे एक मुश्त राशि प्रदान करती है। जीवन लक्ष्य में ऋण की सुविधा भी उपलब्ध है।

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जीवन लक्ष्य (Jeevan Lakshya) के लाभ

मृत्यु लाभ: परिपक्वता की निर्धारित तिथि से पहले जीवन बीमित की मृत्यु होने पर “मृत्यु पर बीमित राशि” की राशि के रूप में परिभाषित मृत्यु लाभ, यदि कोई निहित साधारण प्रत्यावर्ती बोनस और अंतिम अतिरिक्त बोनस हो, वह देय होगा, बशर्ते अघावधिक प्रीमियम का भुगतान कर पॉलिसी पूरी तरह लागू हो।

जहाँ “मृत्यु पर बीमित राशि” को निम्न के योग के रूप मे परिभाषित किया जाता है:

  • मूल बीमित राशि के 10% के बराबर वार्षिक आय लाभ, जो बीमित की मृत्यु तिथि के साथ आने वाली या उसके बाद की वर्षगाँठ से, परिपक्वता की तिथि के पहले पॉलिसी वर्षगाँठ तक देय होगी.
  • मूल बीमित राशि के 110% के बराबर बीमित समग्र राशि, जो परिपक्वता की नियत तिथि पर देय होगी; और

यदि कोई निहित साधारण प्रत्यावर्ती बोनस और अंतिम बोनस हो, जो मृत्यु लाभ में शामिल है, परिपक्वता की तिथि पर देय होगा।

परिपक्वता लाभ: यदि कोई निहित साधारण प्रत्यावर्ती बोनस और अंतिम बोनस हो, उस्के साथ मूल बीमित राशि के बराबर “परिपक्वता पर बीमित राशि”, पॉलिसी अवधि के अंत तक जीवित रहने पर एकमुश्त राशि के रूप में देय होगी, बशर्ते सभी प्रीमियमों का भुगतान किया गया हो।

वैकल्पिक लाभ:

पॉलिसीधारक के पास निम्नांकित राइडर लाभ (लाभों) को प्राप्त करने का एक विकल्प है:

  • एलाआईसी का दुर्घटना संबंधी मृत्यु और अपंगता लाभ राइडर (यूआईएन: 512बी209वी01)
  • एलाआईसी का नया सावधि बीमा राइडर (512बी210वी01)

राइडर बीमित राशि मूल बीमित राशि से अधिक नहीं हो सकती है।

Eligibility conditions for Jeevan Lakshya (Plan No. 833)

प्रीमियमों का भुगतान:

प्रीमियम भुगतान अवधि के दौरान प्रीमियम का भुगतान वार्षिक, अर्ध-वार्षिक, त्रैमासिक या मासिक अंतराल पर किया जा सकता है (ईसीएस के माध्यम से या वेतन कटौती के माध्यम से)। यघपि, वार्षिक, अर्ध-वार्षिक या त्रैमासिक प्रीमियमों के लिए एक माह, लेकिन 30 दिन से कम नहीं, और मासिक प्रीमियमों के लिए 15 दिनों की एक अनुग्रह अवधि (ग्रेस पीरियड) की अनुमति होगी।  Jeevan Lakshya

प्रकार एवं उच्च मूल बीमाकृत राशि छूटें:

प्रकार में छूट:

वार्षिक प्रकार                                    – तालिका प्रीमियम का 2%

अर्ध-वार्षिक प्रकार                            – तालिका प्रीमियम का 1%

त्रैमासिक एवं मासिक प्रकार              – कुछ नहीं

उच्च मूल बीमाकृत राशि छूट:

मूल बीमाकृत राशि                                      – छूट (रू)

100000 से 190000                                 – कुछ नहीं

200000 से 490000                                – 2 %0 बीमाकृत राशि (%0 – प्रति हजार)

500000 से एवं उससे अधिक                     – 3 %0 बीमाकृत राशि

पुनर्चलन (रिवाईवल):

यदि प्रीमियमों का भुगतान अनुग्रह अवधि (ग्रेस पीरियड) में नहीं किया जाता है, तो पॉलिसी कालातीत (लैप्स) हो जाती है। किसी कालातीत पॉलिसी को भुगतान न की गई पहली प्रीमियम की तिथि से 2 क्रमागत वर्षों की अवधि के भीतर भुगतान के समय पर निगम द्वारा निर्धारित दर के अनुसार ब्याज (चक्रवृद्धि अर्ध-वार्षिक) के साथ समस्त बकाया प्रीमियमों का भुगतान किया जा सकता है, जो निरंतर बीमा-योग्यता के संतोषप्रद साक्ष्य के जमा करने के अधीन है। Jeevan Lakshya

पॉलिसी ऋण:

पॉलिसी के अंतर्गत ऋण प्राप्त किया जा सकता है, बशर्ते पॉलिसी का कोई अभ्यर्पण मूल्य (सरेण्डर वेल्यू) हो एवं यह उन नियमों व शर्तों के अधीन है, जो निगम समय – समयम पर निर्दिष्ट कर सकता है|  Jeevan Lakshya

जीवन लक्ष्य (Jeevan Lakshya) प्लान का प्रेसेनटेशन देखने के लिये यहाँ क्लिक करें

भारतीय जीवन बीमा निगम की पॉलिसियों में 2015-16 के लिये बोनस दर घोषित

भारतीय जीवन बीमा निगम की पॉलिसियों में 2015-16 के लिये बोनस दर घोषित

जीवन बीमा

भारतीय जीवन बीमा निगम द्वारा अपनी सभी लाभ सहित पॉलिसियों में मिलने वाले बोनस की घोषणा माह अगस्त 2015 मे कर दी है। हर साल भारतीय जीवन बीमा निगम का बीमांकन विभाग मुल्यांकन के पश्चात बोनस रेट घोषित करता है। ये बोनस उन सभी लाभ सहित पॉलिसियों पर लागु होगा जो मुल्यांकन अवधि (01/04/2014 से 31/03/2015) में आने वाले पॉलिसी वर्ष में प्रवेश कर चुकि हों, और दिनाँक  31/03/2015 को पूर्ण बीमाधन के लिये चालु हों। यह बोनस रेट दिनाँक 01/01/2016 को या उसके बाद समस्त पॉलिसियों पर लागु होगा जिनमें मृत्यू दावा, परिपक्वता दावा (परिपक्वता दिनाँक के 1 वर्ष के अन्दर बन्द की गयी पॉलिसीयों पर भी लागु) प्रस्तुत किया गया हो या अभ्यर्पित की गयी हो। Continue reading “भारतीय जीवन बीमा निगम की पॉलिसियों में 2015-16 के लिये बोनस दर घोषित”

बीमा कंपनी नहीं दे रही हो क्लेम, तो ये हैं कुछ उपाय जो करेंगे आपकी मदद

बीमा कंपनी नहीं दे रही हो क्लेम, तो ये हैं कुछ उपाय जो करेंगे आपकी मदद

जीवन बीमा, सामान्य बीमा

बीमा कंपनी के ग्रीवांस ऑफिसर से करें शिकायत

ऐसी घटनाएं नई नहीं हैं। कई बार बीमा कंपनियां या इनके ब्रोकर/कॉरपोरेट एजेंट किसी क्लेम को पूरा करने में टालमटोल करते हैं। जहां पॉलिसी होल्डर की शिकायत के पीछे अपनी वजहें होती हैं, वहीं बीमा कंपनियां भी क्लेम खारिज करने के पीछे अपने कारण बताती हैं।
कारण चाहे जो भी हो, एक बीमाधारक के रूप में अगर आप किसी बीमा कंपनी से नाखुश हैं, तो आप उसके ग्रीवांस ऑफिसर से संपर्क कर सकते हैं। आप अपनी शिकायत लिखित में दें और इसके साथ जरूरी दस्तावेज भी दें। आप अपनी शिकायत दर्ज कराने की एक्नोलेजमेंट लिखित में लें।

अगर यहां न बने बात, तो इरडा से करें शिकायत

कायदन बीमा कंपनी को शिकायत दर्ज करने के 15 दिनों के भीतर इसका निबटारा कर देना चाहिए। अगर ऐसा नहीं होता या फिर आप कंपनी की ओर से किए गए निबटारे से असंतुष्ट हैं, तो बीमा नियामक इरडा के कंज्यूमर एफेयर्स डिपार्टमेंट के ग्रीवांस रिड्रेसल सेल से संपर्क करें। इसके लिए टॉल फ्री नंबर 155255 या फिर 1800 4254 732 पर संपर्क करें। आप इन्हें complaints@irda.gov.in पर ईमेल भी भेज सकते हैं।
इसके अलावा आप इंटिग्रेटेड ग्रीवांस मैनेजमेंट सिस्टम का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके लिए  www.igms.irda.gov.in पर रजिस्टर करें और अपनी शिकायत पर हो रही कार्रवाई को मॉनिटर करें।

कैसे मिलेगा कम्प्लेन्ट रजिस्ट्रेशन फॉर्म 

अगर आप कम्प्लेन्ट रजिस्ट्रेशन फॉर्म को लेकर परेशान हो रहे हैं तो इसे बड़ी आसानी से डाउनलोड कीजिए जा सकता है। इस लिंक पर क्लिक करके इसे डाउनलोड कर सकते हैं-
http://www.policyholder.gov.in/uploads/CEDocuments/complaintform.pdf
इस फॉर्म को भर कर आप इरडा को अपनी शिकायत साधारण डाक या कुरियर से इस पते पर भेज सकते हैं-
कंज्यूमर एफेयर्स डिपार्टमेंट
इंश्योरेंस रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी
3-5-817/818, यूनाइटेड इंडिया टावर्स, नाइन्थ फ्लोर हैदरगुडा, बशीरबाग हैदराबाद- 500029
Source:
http://m.money.bhaskar.com/news/insurance/8740/PERS-INSU-how-to-make-a-complaint-if-you-are-unhappy-with-insurer-4750038-NOR.html?pg=1
भारतीय जीवन बीमा निगम का जीवन तरुण प्लान-प्रेसेंटेशन

भारतीय जीवन बीमा निगम का जीवन तरुण प्लान-प्रेसेंटेशन

जीवन बीमा

ज़ीवन तरुण (Jeevan Tarun) भारतीय जीवन बीमा निगम का एक नॉन लिंक्ड, लाभ सहित, सीमित अवधि प्रीमियम भुगतान योजना है। बच्चे के 20 वर्ष का होने तक प्रीमियन का भुगतान एवं 25 वर्ष का होने पर परिपक्वता राशि का भुगतान। बच्चों की शैक्षिक एवं अन्य जरुरतों के अनुसार बनायी गयी योजना। लचीला प्लान – प्रस्ताव स्तर पर बच्चे की जरुरतों के अनुसार मनी बैक का प्रतिशत या बन्दोबस्ती योजना चुनने की सुविधा। Jeevan Tarun, Jeevan Tarun Continue reading “भारतीय जीवन बीमा निगम का जीवन तरुण प्लान-प्रेसेंटेशन”